चिंता कैसे दूर करे | तनाव क्या है ? और तनाव के कारण

चिंता कैसे दूर करे!


 चिंता कैसे दूर करे


यदि आप अपने दैनिक जीवन मे रोज मर्रा के परेशनियो मे उलझें रहते है | जिससे दिमाग़ मे टेंशन चिंता, तनाव  बढ़ने लगता है | और इस वजह से आप हमेशा निराश रहते है | तो यह लेख प्रवचन आपके लिए है | इस लेख मे बताया गया है - की तनाव क्या है? व चिंता कैसे दूर करें ? इस लेख मे तनाव के कारण, तनाव के नुकसान, टेंशन के लक्षण व मानसिक तनाव से मुक्ति  के उपाय बताए गए है | इस लेख को पड़ने से आपको अपने मानसिक तनाव का कारण पता चलेगा और आप जान पाएगे की चिंता कैसे दूर करें |


तनाव क्या है ?


चिंता कैसे दूर करे!


दैनिक जीवन मे आपको कई प्रकार की परेशानियो से गुजरना पड़ता है | जैसे परिवार को लेकर चिंता, स्वास्थ्य, आर्थिक तंगी व आपसी सम्बन्धो को लेकर चिंता, किये गए कार्यों के गलत या बुरे परिणाम आना, या किसी के दबाव मे कार्य करना | इन सभी चीजों से आप परेशान होने लगते है | और आपकी सोचने समझने की शक्ति कम होने लगती है | इसे ही तनाव या चिंता कहते है | शायद आप मानसिक तनाव का अर्थ जान चुके है | और अब इस लेख मे आप जानेगे की चिंता कैसे दूर करें | आइए एक कहानी के माध्यम से शुरू करते है |


एक राजा की कहानी :


चिंता कैसे दूर करे!


एक बार राजा ने साधु से पूछा मेरा चित्त अशांत है | मेरे भीतर निरंतर अशांति मची रहती है | मुझे बताए की चिंता कैसे दूर करें | मुझे कोई टेंशन दूर करने का मन्त्र बताए | साधु ने राजा से कहा आप कल सुबह ब्रह्ममुहृत मे यहां आए | और अकेले आए जब मेरी कुटिया मे कोई भी न हो | और याद रहे अपने अशांत चित्त को साथ लेकर आए | उसे घर पर न छोड़े | तभी मे बताउगा की चिंता कैसे दूर करें | राजा घबरा गया | उसने सोचा साधु कह रहे है - की अपने अशांत चित्त को साथ लेकर आना उसे घर पर मत छोड़ना अन्यथा मे उसे शांत कैसे करुगा |

चिंता कैसे दूर करे!

राजा घर गया लेकिन पहले से भी ज्यादा अशांत होकर गया | उसने सोचा था की यह तो संत है | कोई मन्त्र देगा लेकिन यह तो बेकार है | कोई अपने चित्त को घर पर कैसे छोड़ कर आ सकता है | राजा को रात भर नींद नहीं आई | सुबह उठकर राजा साधु के पास अपने प्रश्न चिंता कैसे दूर करे के उत्तर को जानने के लिए चल दिया | वहा पहुंचते ही साधु ने पूछा - आ गए क्या तुम, अपना अशांत चित्त साथ लाए हो न, कहा है वो |
मे उसे शांत करने के लिए बैठा हु | राजा ने कहा हा लाया हु | लेकिन यह तो कोई वस्तु नहीं है न, जो मे आपको अपने हाथ मे लेकर दिखाऊ | अब मुझे जल्दी से बताए की चिंता कैसे दूर करें ? साधु ने कहा ठीक है | बैठ जाओ और आंखे बंद करो | और खोजने की चेष्टा करो की तुम्हारा चित्त कहा है | और तुम जैसे ही उसे पकड़ लो मुझे बताना मे उसे शांत कर दुगा | 
राजा को जानना था, की चिंता कैसे दूर करे ? राजा अपने भीतर खोजने लगे | उन्होंने हर जगह खोजा की, कहा है वो मन जो इतना अशांत है | और जितना उसने खोजा उसे पता चला की अशांति तो विलीन हो गई है | छाया की तरह मन खो गया था |

चिंता कैसे दूर करे!


2 घंटे बीत गए थे | और राजा को पता भी नहीं था, की क्या हो रहा है | उसका चेहरा शांत हो चूका था | तब साधु ने कहा - अब आँखे खोलो इतना पर्याप्त है | क्या अब तुम बता सकते हो, की वो मन कहा है, कहा है तुम्हारा चित्त, राजा इतना शांत था, जितना की एक मनुष्य हो सकता है | और उसने साधु के चरणों मे सिर रख दिया | और कहा तुमने उसे शांत कर दिया है | अब मझे पता चल चूका है | की चिंता को कैसे दूर करे | साधु ने कहा तुम्हारा मन कैसे शांत हो गया ? राजा खुश हो गया, उसने कहा - मैंने अपने मन को खोजने की कोशिश की, की वह कहा है | और मुझे अपनी सारी समस्याओ का हल मिलता गया | और मुझे टेंशन दूर करने का मन्त्र भी मिल गया | और साधु को धन्यवाद कर राजा अपने राज्य मे लौट आया |

चिंता कैसे दूर करे!


इसी तरह यदि आप भी तनाव या टेंशन मे है | तो सबसे पहले अपने मन को खोजिए, की वह कहा है | किस वजह से आप इतना परेशान है | यदि आप को अपनी समस्या पता चल जाती है | तो उसका समाधान भी मिल ही जाएगा | अब शायद आप जान गए होंगे, की चिंता कैसे दूर करें | इस लेख के अंत मे आपको कुछ मानसिक तनाव से मुक्ति के उपाय, तनाव दूर करने के लिए योग व मानसिक रोगों के लिए योग बताए गए है | जिसका पालन कर आप तनाव या टेंशन को दूर कर सकते है |


तनाव के कारण :


  1. मनचाही नौकरी न मिल पाना |
  2. आर्थिक तंगी से परेशान रहना |
  3. किये गए कार्य का उचित परिणाम न आना |
  4. किसी कार्य को करने मे बार बार असफल होना |
  5. अपनी शारीरिक संरचना को लेकर हीनता महसूस करना |
  6. किसी भी बात पर बार बार सोचते रहना |
  7. नींद पूरी न हो पाना |
  8. पारिवारिक समस्याए उत्पन्न होना |
  9. किसी लम्बी बीमारी से ग्रसित होना |
  10. अनचाहे कार्य को किसी के दबाव मे आकर करते रहना या मनचाहे कार्य को न कर पाना | 
यह सभी तनाव के कारण है | जिससे आपके दिमाग़ मे तनाव या टेंशन उत्पन्न होता है | और इससे यह भी पता चलता है | की ज्यादा टेंशन लेने से क्या होता है | आइए अब जानते टेंशन के लक्षण और फिर आप जानेगे तनाव कैसे दूर करें |


चिंता कैसे दूर करे!


टेंशन के लक्षण या दीमाग की बीमारी के लक्षण :


  1. सिर मे दर्द होना टेंशन का पहला लक्षण है, जो टेंशन आने पर हमे प्रत्यक्ष रूप से पता चल जाता है |
  2. अच्छी नींद न आना भी मानसिक तनाव को दर्शाता है |
  3. जब आप टेंशन मे रहते है, तो आपको छोटी छोटी सी बात पर बार बार गुस्सा आता है |
  4.  साथ ही साथ आपकी याददाश्त भी कम हो जाती है, और आपकी सोचने समझने की शक्ति कम होने के कारण आप सही निर्णय नहीं ले पाते |
  5. नकारात्मक विचारों का आना भी मानसिक तनाव को दर्शाता है |
  6. जब आप टेंशन मे रहते है, तो थकान, कमजोरी व चिड़चिड़ापन महसूस होता है |
  7. सामान्य बातो पर भी अचानक क्रोधित हो जाना भी मानसिक तनाव का लक्षण है |
  8. टेंशन मे व्यक्ति हिंसक व्यवहार करने लगता है |
  9. अचानक से वजन का बढ़ना या घटना भी तनाव बढ़ने का प्रमाण है |
  10. हमेशा सोचते रहना और किसी की बातो पर ध्यान न देना |


यह सभी टेंशन या मानसीक तनाव के या दीमाग की बीमारी के लक्षण है | इनसे आप पता कर सकते है की क्या आप भी मानसिक तनाव से ग्रसित है | यहां कई तरह के मानसिक तनाव के नुकसान है | तो आइए जानते है की इनसे कैसे बचे और चिंता कैसे दूर करें |

चिंता कैसे दूर करे या मानसिक तनाव से मुक्ति के उपाय :


चिंता कैसे दूर करे!


  1. हमेशा सकारात्मक सोच रखे, नकारात्मक भावो को अपने से दूर रखे |
  2. स्वयं के लिए समय निकले जिससे आप जीवन के हर पहलु को ठीक से देख पाए |
  3. सुबह जल्दी उठे व वयायाम और योग मे अपना समय लगाए |
  4. नशे से दूर रहे |
  5. पर्याप्त व गहरी नींद भी तनाव कम करने मे सहायक है |
  6. अध्यात्म को अपनऐ, जिससे आप अपने जीवन को सही दिशा मे ले जा पाएगे, और तनाव से मुक्त रहेंगे|
  7. झूठ न बोले | झूठ बोलना भी मानसिक तनाव का कारण बन सकता है |
  8. पौराणिक व धार्मिक किताबों का अध्ययन करें |
  9. बुरी आदतों को त्याग कर अच्छी आदतों को ग्रहण करे |
  10. अच्छा भोजन करें व मानसिक स्वास्थ्य पर ध्यान दे, और एक बार मे एक से ज्यादा काम न करे |
मानसिक तनाव के लिए योग या तनाव दूर करने के लिए योग :

  •  सुखासन
  • अंजलि मुद्रा
  • मर्जरी आसन
  • सालंब शीर्षासन
  • बलासन
  • शवासन


यह कुछ मानसिक तनाव के लिए योग व तनाव दूर करने के लिए योग है | जिसका प्रयोग कर आप
मानसिक तनाव से मुक्ति पा सकते है |

अपने जीवन मे तनाव मुक्त रहने के लिए हमेशा खुश रहो | छोटी छोटी बातो पर मुँह न फुलाया कर |
यही भी तनाव मुक्त रहने का तरीका है | जीवन मे छोटी छोटी परेशनिया आती रहती है| लेकिन उसका
टेंशन न ले | क्युकी कोई भी समस्या या परेशनी ज्यादा समय तक नहीं टिकती |

टेंशन शायरी : 

"गम मेरे साथ दूर दूर तक गए,
जब मै नहीं थका, तो थक गम गए"

टेंशन शायरी 

"ज़िंदगी में टेंशन ही टेंशन है,
फिर भी इन लबों पर मुस्कान है |
क्योंकि जीना जब हर हाल में है,
तो मुस्करा के जीने में क्या नुक्सान है |"

टेंशन शायरी 

"सावधान ! टेंशन लेना स्वास्थ के लिए हानिकारक है |"


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